धार्मिक स्थलों पर भीड़ नियंत्रण के कड़े निर्देश, भगदड़ से बचाव पर फोकस
श्रद्धालुओं की यात्रा हो सरल, सुरक्षित और सुखद — मंडलायुक्त दीपक रावत
हल्द्वानी।
कुमाऊं मंडल के प्रमुख धार्मिक स्थलों पर बढ़ती श्रद्धालुओं की संख्या को देखते हुए भीड़ नियंत्रण और सुरक्षा व्यवस्थाओं को लेकर मंडलायुक्त दीपक रावत ने कुमाऊं के सभी जिलाधिकारियों एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षकों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से अहम बैठक की।
मंडलायुक्त ने कहा कि कैंची धाम, मां गर्जिया देवी, जागेश्वर, मां पूर्णागिरी, हाट कालिका, बागनाथ जैसे प्रमुख धार्मिक स्थलों पर श्रद्धालुओं की संख्या में लगातार वृद्धि हो रही है। ऐसे में भीड़ प्रबंधन को प्राथमिकता देते हुए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं चाक-चौबंद की जाएं, ताकि किसी भी प्रकार की भगदड़ या दुर्घटना से बचा जा सके।
उन्होंने निर्देश दिए कि धार्मिक स्थलों की क्षमता के अनुसार श्रद्धालुओं के प्रवेश को चरणबद्ध तरीके से नियंत्रित किया जाए। भीड़ नियंत्रण के लिए पर्याप्त पुलिस बल, होमगार्ड, स्वयंसेवक, मजबूत बैरिकेडिंग और पर्वों के दौरान विशेष सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
भीड़ की रियल-टाइम मॉनिटरिंग के लिए सीसीटीवी कैमरों की संख्या बढ़ाने तथा महत्वपूर्ण स्थलों पर हाई-रिज़ॉल्यूशन कैमरे लगाने के निर्देश भी दिए गए।
शॉर्ट टर्म और लॉन्ग टर्म प्लान पर जोर
मंडलायुक्त ने कहा कि बैरिकेडिंग, पार्किंग प्रबंधन, पैदल मार्गों की सुगमता, दिशा-सूचक बोर्ड, प्राथमिक चिकित्सा व्यवस्था जैसे अल्पकालिक कार्य तय समय में पूरे किए जाएं।
साथ ही, यातायात सुधार, पार्किंग विस्तार, सड़क चौड़ीकरण, आपदा प्रबंधन उपकरण, तकनीकी एकीकरण और इंटीग्रेटेड कंट्रोल रूम जैसी दीर्घकालिक योजनाओं के प्रस्ताव 15 दिनों के भीतर शासन को भेजे जाएं।
डिजिटल और आपदा प्रबंधन पर विशेष ध्यान
श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए एआई आधारित हेड काउंट, भीड़ घनत्व निगरानी प्रणाली, IoT सेंसर, सर्विलांस सिस्टम के उपयोग पर जोर दिया गया।
आपात परिस्थितियों से निपटने के लिए स्थानीय पुलिस, अग्निशमन सेवा और SDRF के साथ बेहतर समन्वय तथा आपातकालीन निकासी मार्ग सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। विद्युत एवं अग्नि सुरक्षा ऑडिट को भी अनिवार्य किया गया।
कैंची धाम में शटल सेवा की तैयारी
इस दौरान आईजी कुमाऊं रिद्धिम अग्रवाल ने निर्देश दिए कि किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए क्रेन, जेसीबी एवं अन्य यांत्रिक संसाधनों की अग्रिम व्यवस्था की जाए।
उन्होंने कैंची धाम में मेलों और पर्वों के दौरान भीड़ नियंत्रण के लिए हल्द्वानी से शटल सेवा शुरू करने और उसके लिए उपयुक्त पार्किंग स्थलों के चयन के निर्देश दिए।
बैठक में एसएसपी नैनीताल डॉ. मंजूनाथ टीसी ने कैंची धाम और गर्जिया देवी मंदिर, डीएम चंपावत मनीष कुमार ने मां पूर्णागिरी, जबकि डीएम अल्मोड़ा अंशुल सिंह ने जागेश्वर धाम से जुड़ी तैयारियों की विस्तृत जानकारी दी।
वीसी में डीएम उधम सिंह नगर नितिन भदौरिया, डीएम पिथौरागढ़ आशीष भटगाई, डीएम बागेश्वर आकांक्षा कोंडे, सभी जनपदों के एसपी-एसएसपी एवं अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

