उत्तराखंड उत्तरप्रदेश प्रशासन आमने -सामने खनन माफियाओ पर शिकंजा ,सब इंस्पेक्टर को कुचलने की कोशिश ने प्रसाशन का सब्र किया खत्म उल्टी गिनती शुरू
वर्दी रौंदने की कीमत अब पूरे नेटवर्क की तबाही से चुकानी होगी
उत्तराखंड बॉर्डर पर खाकी को कुचलने की कोशिश करने वाले खनन माफियाओं के लिए अब उलटी गिनती शुरू हो चुकी है। ट्रक से वर्दी को रौंदने की हिमाकत ने शासन और प्रशासन दोनों को खुली जंग के मोड में ला दिया है। अब यह लड़ाई किसी एक ड्राइवर या ट्रक तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि माफिया के पूरे ‘इकोसिस्टम’ को नेस्तनाबूद किया जाएगा।
दो राज्यों का हमला, माफिया के भागने के रास्ते बंद
खनन सिंडिकेट की रीढ़ तोड़ने के लिए उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड प्रशासन आमने-सामने नहीं, बल्कि कंधे से कंधा मिलाकर खड़ा हो गया है। बरेली के डीएम अविनाश सिंह और उधम सिंह नगर के डीएम की महा-मीटिंग में माफिया के हर रूट, हर ठिकाने और हर खेल को खत्म करने की रणनीति तय होगी।
अब न पहाड़ से अवैध पत्थर उतरेगा, न यूपी की सड़कों पर माफिया की दादागीरी चलेगी।
सफेदपोश भी निशाने पर, फंडिंग चैनल होंगे फ्रीज
प्रशासन अब सिर्फ सड़क पर दौड़ रहे ट्रकों को नहीं, बल्कि एसी कमरों में बैठे उन सफेदपोश चेहरों को भी बेनकाब करेगा, जो इस काले कारोबार की ऑक्सीजन बने हुए हैं। कई बड़े व्यापारियों और सिंडिकेट सरगनाओं के मोबाइल नंबर सर्विलांस पर डाल दिए गए हैं।
प्रशासन का दावा है कि जल्द ही उन ‘किंगपिन्स’ के नाम सामने होंगे, जो पर्दे के पीछे बैठकर हमलों की स्क्रिप्ट लिखते हैं।
बॉर्डर होगा अभेद्य, बैरिकेडिंग नहीं—अब दीवार खड़ी होगी
माफियाओं द्वारा बैरिकेडिंग तोड़कर फरार होने की घटनाओं पर अब पूर्ण विराम लगेगा। नैनीताल रोड और बॉर्डर के संवेदनशील पॉइंट्स पर लोहे की बैरिकेडिंग हटाकर भारी कंक्रीट बैरियर बनाए जाएंगे।
सीसीटीवी कैमरों का ऐसा जाल बिछेगा कि हर ट्रक, हर गाड़ी और हर ‘फील्डिंग’ करने वाला प्रशासन की तीसरी आंख से बच नहीं पाएगा।
खाकी पर हमला = गैंगस्टर एक्ट
बहेड़ी में सब-इंस्पेक्टर को कुचलने की कोशिश ने प्रशासन का सब्र खत्म कर दिया है। 15 जनवरी की शाम हुए जानलेवा हमले के बाद अब तक 24 आरोपी गिरफ्तार किए जा चुके हैं।
37 ट्रक जब्त किए गए हैं और आरोपियों पर गुंडा एक्ट व गैंगस्टर एक्ट लगाने की तैयारी पूरी है।
संदेश साफ है—वर्दी पर हमला किया तो कानून कहर बनकर टूटेगा।
राजस्व की लूट बंद, माफिया की कमर तोड़ने का प्लान
अवैध खनन से पर्यावरण ही नहीं, सरकारी खजाने की भी खुली लूट हो रही थी। चालू वित्तीय वर्ष में अब तक 392 वाहनों से 177 लाख रुपये से अधिक का जुर्माना वसूला जा चुका है।
अब जुर्माना और बढ़ेगा, वाहन लंबे समय तक सीज रहेंगे और माफिया की आर्थिक रीढ़ को पूरी तरह तोड़ दिया जाएगा।

