हल्द्वानी
जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल ने गुरुवार को कैम्प कार्यालय हल्द्वानी में सड़क सुरक्षा समिति की बैठक लेते हुए जिले में यातायात व्यवस्था को सरल, सुगम एवं सुरक्षित बनाने के लिए सभी आवश्यक कार्य प्राथमिकता के आधार पर करने के निर्देश दिए। उन्होंने पुलिस, परिवहन एवं राजस्व विभाग को नियमित प्रवर्तन सुनिश्चित करने को कहा।
बैठक में लालकुआं, हल्दूचौड़, गोरापड़ाव और तीनपानी जैसे अत्यधिक दुर्घटना संभावित क्षेत्रों में लगातार हो रही दुर्घटनाओं पर चिंता जताई गई। डीएम ने निर्देश दिए कि रुद्रपुर एनएच खंड की तकनीकी टीम द्वारा चिन्हित सड़क डिजाइन व तकनीकी खामियों को एनएच द्वारा तत्काल दूर किया जाए, ताकि दुर्घटनाओं पर प्रभावी रोक लग सके।
जिले में चिन्हित 121 दुर्घटना संभावित स्थलों/ब्लैक स्पॉट्स पर सड़क निर्माण, राजस्व, परिवहन एवं पुलिस विभाग द्वारा संयुक्त निरीक्षण कर रोड सेफ्टी कार्य किए जाएं। जहां भी अतिक्रमण हो, उसे अभियान चलाकर तुरंत हटाया जाए।
हल्द्वानी क्षेत्र में विभिन्न एजेंसियों द्वारा किए जा रहे सड़क कार्यों का राजस्व, पुलिस व परिवहन विभाग संयुक्त निरीक्षण करें। गड्ढे, निर्माण सामग्री, पानी लीकेज पाए जाने पर तत्काल फोटो-वीडियो साझा कर संबंधित एजेंसी से त्वरित सुधार कराया जाए।
डीएम ने कहा कि सड़क किनारे अनियंत्रित फड़-खोखे दुर्घटनाओं का कारण बनते हैं—इन्हें हटाकर वेंडिंग जोन में ही स्थापित किया जाए। सड़क किनारे खड़े वाहनों पर चालान कर टोइंग की कार्रवाई की जाए।
स्टंट, ओवर स्पीडिंग, ओवर लोडिंग, ड्रंक एंड ड्राइव, वाहन चलाते समय मोबाइल का उपयोग, बिना हेलमेट, ट्रिपल राइडिंग, सीट बेल्ट न पहनना—इन सभी पर सख्त कार्रवाई की जाए। गंभीर उल्लंघन पर ड्राइविंग लाइसेंस निरस्तीकरण के निर्देश दिए गए।
जागरूकता अभियान
स्कूलों, कॉलेजों और संस्थानों में निरंतर जागरूकता अभियान चलाकर नागरिकों को यातायात नियमों व रोड सेफ्टी के प्रति जागरूक किया जाए।
डीएम ने स्पष्ट किया कि सड़क सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और नियम तोड़ने वालों को किसी भी स्थिति में बख्शा नहीं जाएगा। उद्देश्य यह है कि स्थानीय नागरिकों के साथ-साथ पर्यटक भी सुरक्षित व सुखद अनुभव लेकर लौटें।
बैठक में अधीक्षण अभियंता लोनिवि मनोहर सिंह धर्मशक्तू, पुलिस अधीक्षक (नगर) मनोज कत्याल, संभागीय परिवहन अधिकारी गुरदेव सिंह सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

