वन्यजीव तस्करी का भंडाफोड़, 91 दुर्लभ कछुए बचाए, महिला समेत चार आरोपी सलाखों में
रुद्रपुर। यूपी–उत्तराखंड सीमा पर वन्यजीव तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए पुलभट्टा थाना पुलिस ने चार अंतरराज्यीय तस्करों को गिरफ्तार कर 91 दुर्लभ प्रजाति के कछुओं को बचाया है। गिरफ्तार आरोपियों में दो महिलाएं भी शामिल हैं। यह कार्रवाई बहेड़ी बॉर्डर पर चल रहे सघन चेकिंग अभियान के दौरान की गई।
पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि कुछ लोग बस के जरिए कछुओं की तस्करी कर रहे हैं। सूचना पर कार्रवाई करते हुए पुलिस ने बस को रोककर तलाशी ली। जांच के दौरान चार बैगों से बड़ी संख्या में जीवित कछुए बरामद हुए, जिन्हें अवैध रूप से सप्लाई के लिए ले जाया जा रहा था।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान ओमा और कामनी (निवासी अलीगंज चुंगी, यूपी, हाल निवासी आवास विकास रुद्रपुर) तथा विष्णु और सनी (निवासी एटा, उत्तर प्रदेश) के रूप में हुई है। पूछताछ में आरोपियों ने कबूल किया कि वे कछुओं को कासगंज से लाकर रुद्रपुर क्षेत्र में बेचने की तैयारी में थे।
मामले की सूचना मिलने पर वन विभाग की टीम पुलभट्टा थाने पहुंची और बरामद कछुओं को अपने कब्जे में लिया। वन विभाग के अनुसार, इनमें 62 सुंदरी प्रजाति और 26 सॉफ्टशेल प्रजाति के दुर्लभ कछुए शामिल हैं। न्यायालय के आदेश पर सभी कछुओं को सुरक्षित जलाशय में छोड़ दिया गया है।
पुलिस ने चारों आरोपियों के खिलाफ वन्यजीव संरक्षण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर उन्हें अदालत में पेश किया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।
पुलभट्टा थाना प्रभारी प्रदीप मिश्रा ने कहा कि वन्यजीव तस्करी के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा और इस तरह के मामलों में किसी भी स्तर पर कोई ढील नहीं दी जाएगी।

