राशन कार्ड सत्यापन में बड़ा खुलासा 25 एकड़ कॉलोनी में 8 सफेद कार्डधारक मिले अपात्र
बिंदुखत्ता में घर-घर पहुंचकर चल रहा सत्यापन अभियान, पहले चरण में ही सामने आई अनियमितता
लालकुआं।
बिंदुखत्ता क्षेत्र में चल रहे राशन कार्ड सत्यापन अभियान के दौरान पहले ही चरण में बड़ी अनियमितता उजागर हुई है। प्रशासन द्वारा गठित टीमों ने 25 एकड़ कॉलोनी में 130 राशन कार्डों का भौतिक सत्यापन किया, जिसमें 8 सफेद राशन कार्डधारक निर्धारित मानकों के अनुसार अपात्र पाए गए। प्रारंभिक जांच में पता चला है कि संबंधित परिवारों के सदस्य सेंचुरी पल्प एंड पेपर मिल में स्थायी रूप से कार्यरत हैं और नियमित आय प्राप्त करने के बावजूद गरीब परिवारों के लिए संचालित खाद्य सुरक्षा योजना का लाभ ले रहे थे।
उपजिलाधिकारी (न्यायिक) एवं नोडल अधिकारी रेखा कोहली के निर्देशन में गठित टीम में क्षेत्रीय खाद्य पूर्ति निरीक्षक मोहित कठायत, राजस्व उपनिरीक्षक विजेन्द्र चन्द्र, सुनीता भट्ट, गोपाल खत्री, गिरीश गुणवंत तथा भीम सिंह मेहता शामिल हैं। टीम द्वारा घर-घर जाकर लाभार्थियों के दस्तावेजों और पात्रता की गहन जांच की जा रही है।
सत्यापन के दौरान सामने आए मामलों के बाद क्षेत्र में चर्चा का माहौल है। अधिकारियों का मानना है कि यदि शुरुआती जांच में ही इतने अपात्र कार्डधारक सामने आए हैं तो अन्य क्षेत्रों में भी ऐसे मामलों का खुलासा हो सकता है।
*9,645 सफेद और 5,439 पीले कार्डों की हो रही जांच*
शासन के निर्देश पर बिंदुखत्ता क्षेत्र में राशन कार्डों का व्यापक सत्यापन अभियान संचालित किया जा रहा है। वर्तमान में क्षेत्र में 9,645 सफेद राशन कार्ड, 211 अंत्योदय (एएवाई) कार्ड तथा 5,439 पीले राशन कार्ड संचालित हैं। सभी कार्डधारकों की पात्रता का पुनः परीक्षण किया जा रहा है।
सत्यापन के दौरान लाभार्थियों की आय, रोजगार, भूमि, संपत्ति, निवास और सामाजिक-आर्थिक स्थिति का आकलन किया जा रहा है। अभियान के तहत प्रशासनिक टीमें प्रत्येक मोहल्ले, कॉलोनी और गांव में पहुंचकर वास्तविक स्थिति का सत्यापन कर रही हैं।
*जरूरतमंदों का हक दिलाने की कवायद*
प्रशासन का मानना है कि अपात्र लोगों द्वारा सरकारी राशन का लाभ लेने से वास्तविक जरूरतमंद परिवारों का अधिकार प्रभावित होता है। ऐसे में यह अभियान पात्र एवं अपात्र लाभार्थियों की पहचान कर खाद्य सुरक्षा योजनाओं को अधिक पारदर्शी और प्रभावी बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम साबित होगा।
एसडीएम रेखा कोहली ने दी सख्त कार्रवाई की चेतावनी
उपजिलाधिकारी (न्यायिक) एवं नोडल अधिकारी रेखा कोहली ने कहा कि शासन के निर्देशानुसार राशन कार्डों का शत-प्रतिशत सत्यापन कराया जा रहा है। अभियान का उद्देश्य वास्तविक पात्र परिवारों तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाना है।
उन्होंने स्पष्ट किया कि जांच में जो भी व्यक्ति निर्धारित मानकों के विपरीत राशन योजना का लाभ लेते पाया जाएगा, उसके विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी तथा अपात्र राशन कार्ड निरस्त किए जाएंगे। उन्होंने बताया कि सत्यापन कार्य एक माह के भीतर पूर्ण कर रिपोर्ट जिला पूर्ति अधिकारी को भेजी जाएगी।
*चार टीमों को सौंपी गई जिम्मेदारी*
टीम-1: लालकुआं टाउन, इंद्रानगर प्रथम-द्वितीय, हटाग्राम, विकासपुरी खैरानी, बजरी कंपनी क्षेत्र।
टीम-2: गांधीनगर, शास्त्रीनगर, शिवपुरी, शीशम भुजिया, हल्दूचौड़, टूटी पुलिया और शांतिनगर।
टीम-3: राजीवनगर प्रथम-द्वितीय, घोड़ानाला, सुभाषनगर, पुराना बिंदुखत्ता, वीआईपी गेट कॉलोनी, पटेलनगर एवं 25 एकड़ क्षेत्र।
टीम-4: संजयनगर, रावतनगर, सूर्यदेवनगर, श्रीलोक टापू, चित्रकूट और तिवारीनगर क्षेत्र।
पूरे अभियान की निगरानी राजस्व निरीक्षक एम.के. सिंह कर रहे हैं, जिन्हें चारों टीमों का प्रभारी बनाया गया है।
*कौन हैं सफेद और पीले राशन कार्ड के पात्र?*
शासन के निर्धारित मानकों के अनुसार 15 हजार रुपये मासिक अथवा 1.80 लाख रुपये वार्षिक तक की कुल पारिवारिक आय वाले परिवार सफेद राशन कार्ड के पात्र हैं। वहीं पांच लाख रुपये तक की वार्षिक पारिवारिक आय वाले परिवार पीले राशन कार्ड के लिए पात्र माने जाते हैं।
निर्धारित सीमा से अधिक आय पाए जाने पर संबंधित राशन कार्डधारकों के विरुद्ध विभागीय कार्रवाई की जा सकती है। आय का निर्धारण परिवार के सभी सदस्यों की कुल आय के आधार पर किया जाता है।

