देर रात बर्फ की सफेद चादर में लिपटे बद्री–केदार और गंगोत्री, आस्था और प्रकृति का अद्भुत संगम- मौसम विभाग ने किया यलो अलर्ट जारी
उत्तराखंड के उच्च हिमालयी क्षेत्रों में इन दिनों प्रकृति अपने सबसे शांत और मोहक रूप में नजर आ रही है। बदरीनाथ, केदारनाथ और गंगोत्री की पहाड़ियां बर्फ की सफेद चादर ओढ़े हुए हैं, जहां हर दृश्य मन को सुकून और श्रद्धा से भर देता है। बीते कुछ दिनों से मौसम की मेहरबानी के चलते चारधाम क्षेत्र की चोटियां पूरी तरह हिमाच्छादित हो गई हैं।
बदरीनाथ धाम में अब तक कई बार बर्फबारी हो चुकी है। इस समय धाम क्षेत्र में करीब तीन फीट तक बर्फ जमी हुई है। रविवार से मौसम में आए बदलाव के बाद ऊंचाई वाले इलाकों में रुक-रुककर बर्फ गिरने का सिलसिला जारी है। देर रात हुई बर्फबारी ने बदरीनाथ धाम को और भी अलौकिक बना दिया है। मंदिर परिसर सहित आसपास की पहाड़ियां बर्फ की सफेद चादर में ढकी हुई हैं, मानो प्रकृति स्वयं धाम की रक्षा कर रही हो।
गंगोत्री धाम में भी बर्फबारी दर्ज की गई है। शांत वातावरण, बर्फ से ढकी पहाड़ियां और ठंडी हवाएं श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक अनुभूति का अहसास करा रही हैं।
वहीं, भारी बर्फबारी के बाद सोमवार को जब केदारनाथ धाम में सूरज की हल्की किरणें पड़ीं, तो पूरा क्षेत्र अद्भुत दृश्य में बदल गया। करीब पांच फुट तक जमी बर्फ के बीच केदारनाथ धाम का वातावरण बेहद भावुक और मन को छू लेने वाला दिखाई दिया। सोमवार सुबह जनपद में हल्की बारिश के बाद दिनभर हल्की धूप और बादल छाए रहे।
मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार मंगलवार को उत्तराखंड के पर्वतीय इलाकों में हल्की बारिश के साथ बर्फबारी की संभावना बनी हुई है। उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर और पिथौरागढ़ जिलों में मौसम सक्रिय रह सकता है। खासकर 2800 मीटर से अधिक ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी के अधिक आसार जताए गए हैं।
इसके साथ ही देहरादून, पौड़ी और नैनीताल जिलों में तेज हवाओं की संभावना को देखते हुए मौसम विभाग ने येलो अलर्ट जारी किया है।

