*देहरादून,*
उत्तराखंड में कैबिनेट विस्तार के बाद मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मंत्रियों के बीच विभागों का बंटवारा कर शासन व्यवस्था को नई दिशा दी है। राज्यपाल की मंजूरी के बाद जारी अधिसूचना में मुख्यमंत्री ने कई अहम विभाग अपने पास रखते हुए प्रशासनिक पकड़ मजबूत बनाए रखी है।
मुख्यमंत्री धामी के पास मंत्रिपरिषद, कार्मिक एवं सतर्कता, गृह, वित्त, राजस्व, ऊर्जा, आबकारी, औद्योगिक विकास, श्रम, पेयजल, न्याय, नागरिक उड्डयन और आवास सहित कुल 18 महत्वपूर्ण विभाग रहेंगे। इसके अलावा जिन विभागों का आवंटन नहीं हुआ है, वे भी मुख्यमंत्री ही संभालेंगे।
*नए मंत्रियों को मिली अहम जिम्मेदारी*
कैबिनेट में शामिल नए चेहरों को भी महत्वपूर्ण विभाग सौंपे गए हैं। मदन कौशिक को पंचायतीराज, आपदा प्रबंधन एवं पुनर्वास, आयुष व आयुष शिक्षा, खजान दास को समाज कल्याण, अल्पसंख्यक कल्याण व छात्र कल्याण, भरत सिंह चौधरी को ग्राम्य विकास, एमएसएमई व खादी ग्रामोद्योग, प्रदीप बत्रा को परिवहन, सूचना प्रौद्योगिकी व विज्ञान प्रौद्योगिकी और राम सिंह कैड़ा को शहरी विकास, पर्यावरण संरक्षण व जलवायु परिवर्तन का जिम्मा दिया गया है।
*अनुभवी मंत्रियों के बीच संतुलित बंटवारा*
सरकार ने अनुभवी मंत्रियों के बीच भी विभागों का संतुलित वितरण किया है। सतपाल महाराज को लोक निर्माण, ग्रामीण निर्माण, पर्यटन, संस्कृति, धर्मस्व व सिंचाई, गणेश जोशी को कृषि, उद्यान व सैनिक कल्याण, डॉ. धन सिंह रावत को शिक्षा व सहकारिता, सुबोध उनियाल को वन व स्वास्थ्य, रेखा आर्य को महिला एवं बाल विकास, खाद्य आपूर्ति व खेल की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
सौरभ बहुगुणा को अहम विभाग
वहीं सौरभ बहुगुणा को पशुपालन, दुग्ध विकास, मत्स्य पालन, गन्ना विकास, चीनी उद्योग, प्रोटोकॉल, कौशल विकास और सेवायोजन जैसे महत्वपूर्ण विभाग सौंपे गए हैं, जिससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था और रोजगार सृजन को नई गति मिलने की उम्मीद है।
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि मंत्रियों के अनुभव और क्षमता को ध्यान में रखते हुए विभागों का आवंटन किया गया है, ताकि सरकार “सेवा, सुशासन और जनकल्याण” के लक्ष्य को तेजी से हासिल कर सके।

